झारखंड के बेटियों को महिला सुनीता ने बेचा, 5 लाख का लगा ईनाम
झारखंड की बेटियों को बेचने वाली महिला पर लगा ईनाम!
दिल्ली में प्लेसमेंट एजेंसियों के जरिए झारखंड की लड़कियों की ट्रैफिकिंग करने वाली सुनीता देवी के लिए खिलाफ एनआईए ने एक लाख रुपये के इनाम की घोषणा की है।
सुनीता देवी के पति पन्ना लाल महतो को एनआइए ने वर्ष 2020 में गिरफ्तार किया था। उस वक्त से ही वह जेल में है। इस दंपति पर झारखंड और उड़ीसा की 5000 से भी ज्यादा लड़कियों को नौकरी दिलाने के नाम पर बेचने और उनका सौदा करने का आरोप है।
गौरतलब है कि ह्यूमन ट्रैफिकिंग से करोड़ों की कमाई करने वाले पन्ना लाल और उसकी पत्नी के खिलाफ ईडी की भी जांच चल रही है। कुछ महीने पहले ईडी ने पन्ना लाल महतो की 3 करोड़ 36 लाख रुपये की संपत्ति भी जब्त की है।
पन्ना लाल महतो और उसकी पत्नी सुनीता देवी के खिलाफ झारखंड के खूंटी स्थित एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट थाने में 19 जुलाई 2019 को केस दर्ज किया था। इस केस को टेकओवर करते हुए एनआइए ने चार मार्च 2020 को प्राथमिकी दर्ज की थी। इसके बाद से ही सुनीता देवी फरार चल रही है।
एनआईए को जांच के दौरान जानकारी मिली कि पन्ना लाल महतो और उसकी पत्नी सुनीता देवी दिल्ली में तीन प्लेसमेंट एजेंसियां चलाते हैं और इनके जरिए झारखंड, ओडिशा के सुदूरवर्ती इलाकों की लड़कियों की ट्रैफिकिंग करते हैं।
जांच में पता चला कि इन दोनों ने लड़कियों को दिल्ली, मुंबई, पंजाब,नोएडा, गोवा सहित अन्य कई शहरों व देश के बाहर भी बेचा है।
Read Time:2 Minute, 17 Second