हुसैनाबाद, पलामू: जिला ब्यूरो चीफ सह प्रभारी लवकुश कुमार सिंह की रिपोर्ट**
हुसैनाबाद विधानसभा क्षेत्र के पूर्व मंत्री एवं भाजपा नेता श्री कमलेश कुमार सिंह ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि उनके कार्यकाल में इस क्षेत्र के दर्जनों सड़कों के लिए योजनाएं स्वीकृत कराई गई थीं और विधानसभा चुनाव से पूर्व ही उन पर निविदाएं आमंत्रित कर दी गई थीं। आज उन सभी योजनाओं पर कार्य प्रारंभ हो जाना चाहिए था, किंतु वर्तमान विधायक ने सभी टेंडर रद्द कराकर ओछी और दुर्भाग्यपूर्ण राजनीति का परिचय दिया है।
श्री सिंह ने बताया कि हुसैनाबाद विधानसभा क्षेत्र के अनेक गांवों में महत्वपूर्ण सड़क योजनाएं स्वीकृत की गई थीं, जिनकी निविदाएं भी निकल चुकी थीं। इन योजनाओं को निरस्त कर देना वर्तमान विधायक और झारखंड सरकार की संकीर्ण मानसिकता और राजनीतिक दुर्भावना को दर्शाता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि यह सरकार भ्रष्टाचार में आकंठ डूबी हुई है, और वर्तमान विधायक अपने निजी हितों और दंभ के चलते विभाग से निविदाएं रद्द करवा रहे हैं। उन्हें चाहिए था कि और भी गांवों में जहां सड़कें जर्जर हैं, वहां के लिए टेंडर जारी करवाएं और नई योजनाएं स्वीकृत कराएं। लेकिन वे इस कार्य में पूरी तरह असमर्थ साबित हो रहे हैं।
पूर्व मंत्री ने कहा कि निविदाएं रद्द कर जनता को गुमराह करने और झूठी वाहवाही लूटने का जो प्रयास किया जा रहा है, वह सफल नहीं होगा क्योंकि जनता सब कुछ भलीभांति समझती है। यह ओछी राजनीति अंततः उनके लिए नुकसानदायक सिद्ध होगी। यदि वर्तमान विधायक में योग्यता और इच्छाशक्ति है, तो वे नई योजनाएं स्वीकृत करवा कर उनके लिए निविदाएं आमंत्रित करें।
पुरानी योजनाओं की निविदा को अपने निकटस्थ संवेदकों के इशारे पर रद्द करवाकर वे न केवल विकास कार्यों में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं, बल्कि एक जनविरोधी मानसिकता का भी प्रदर्शन कर रहे हैं। श्री सिंह ने यह भी मांग की कि नौ महीने बाद टेंडर रद्द किए जाने के पीछे की वजह विभाग को स्पष्ट करनी चाहिए।
उन्होंने प्रश्न उठाया कि आखिर क्यों केवल पलामू जिले के हुसैनाबाद विधानसभा क्षेत्र में ही टेंडर रद्द किए गए हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों में ऐसा नहीं हुआ। इससे स्पष्ट है कि यह निर्णय राजनीति से प्रेरित है और विकास कार्यों को रोकने का प्रयास मात्र है।